आतंकी फंडिंग के मामले में कोर्ट ने आतंकी हाफिज सईद को ठहराया दोषी

हाफिज सईद को 17 जुलाई को गिरफ्तार किया गया था और उसे सात दिनों की न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया था।

इस्लामाबाद। लाहौर से 17 जुलाई को गिरफ्तार कर जेल भेजे गए वैश्विक आतंकी हाफिज सईद को पाकिस्तान की गुजरांवाला अदालत ने दोषी करार दिया है। पाकिस्तान के काउंटर टेररिज्म डिपार्टमेंट ने आतंकी गतिविधियों को आर्थिक मदद देने के आरोप में हाफिज सईद को गिरफ्तार किया था। उसका केस को अब पाकिस्तान के गुजरात में शिफ्ट कर दिया गया है। ये जानकारी पाकिस्तानी मीडिया रिपोर्ट में कही जा रही है।

हाफिज सईद को 17 जुलाई को गिरफ्तार किया गया था और उसे सात दिनों की न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया था।

मुंबई 26/11 हमले के मास्टरमाइंड हाफिज सईद को 17 जुलाई को गिरफ्तार किया गया था और उसे सात दिनों की न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया था। हालांकि, बाद में 24 जुलाई को उसे 14 दिनों के लिए और बढ़ा दिया गया था।

भारत में कई आतंकी हमलों को अंजाम देने में मास्टर माइंड की भूमिका निभा चुके सईद के मामले में कोर्ट ने काउंटर टेरेरिज्म डिपार्टमेंट को आदेश दिया कि वह 7 अगस्त तक पूरी चार्जशीट दायर करे।

बताते चलें कि तीन जुलाई को हाफिज सईद और नायब अमीर अब्दुल रहमान मक्की सहित प्रतिबंधित जमात-उद-दावा के शीर्ष 13 नेताओं पर आतंकवाद विरोधी कानून, 1997 के तहत आतंक के वित्तपोषण और मनी लॉन्ड्रिंग के लिए लगभग दो दर्जन मामले दर्ज किए गए थे।

काउंटर टेरेरिज्म डिपार्टमेंट ने पाकिस्तान में पंजाब के पांच शहरों में यह मामले दर्ज किए थे। अधिकारियों ने कहा था कि जमात उद दावा अपने धर्मार्थ संगठनों अल-अनफाल ट्रस्ट, दावतुल इरशाद ट्रस्ट और मुआज बिन जबल ट्रस्ट में जमा होने वाले धन का इस्तेमाल आतंकी फंडिंग करने में शामिल था।

हालांकि, यह पहली बार नहीं है जब हाफिज सईद को गिरफ्तार किया गया हो। उसे पहले भी कई बार गिरफ्तार किया जा चुका है, लेकिन हर बार उसे रिहा कर दिया जाता रहा है। मगर, इस बार भारत की कूटनीतिक दांव और अमेरिकी दबाव में उस पर कार्रवाई करने के लिए पाकिस्तान बाध्य हो गया है।

हाल ही में पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान ने भी अमेरिकी दौरे के समय राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के सामने स्वीकार किया था कि पाकिस्तान में अभी भी 40 हजार आतंकी मौजूद हैं।

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